- राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान आज बेगूसराय आएंगे
- आइटीआइ मैदान में उतरेगा हेलीकाॅप्टर, वहां से सड़क मार्ग से आएंगे स्कूल
- बिहार सरकार के मंत्री अशोक चौधरी, सुरेंद्र मेहता और लनामिवि के कुलपति होंगे अतिथि
बेगूसराय | बच्चा जब स्कूल नहीं जाने की जगह जाने के लिए रोए तो समझिए उसकी पढ़ाई सही हो रही है। वह अपने मनोनुकूल वातावरण में पढ़ाई कर रहा है। जब हम बच्चों को ऐसा ही वातावरण देंगे तो निश्चित रूप से बच्चा आगे चलकर वह बन सकेगा जो वह बनना चाहता है। वर्ल्ड व्यू एकेडमी खोलने का हमारा यही उद्देश्य है। ये बातें एकेडमी के संस्थापक नवनीत कुमार ने शुक्रवार को विद्यालय परिसर में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में कही।
उन्होंने बताया कि शनिवार को मोहनपुर स्थित वर्ल्ड व्यू एकेडमी का उद्घाटन राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान करेंगे। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में ग्रामीण कार्य विभाग के मंत्री अशोक चौधरी, खेल मंत्री सुरेंद्र मेहता और ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. संजय कुमार चौधरी भी उपस्थित रहेंगे। राज्यपाल का हेलीकॉप्टर आइटीआइ मैदान, बेगूसराय में उतरेगा। जहां से राज्यपाल सड़क मार्ग से मोहनपुर स्थित विद्यालय आएंगे। यहां 1 बजे स्कूल का उद्घाटन करेंगे। इसके पश्चात परिसर में वृक्षारोपण करेंगे और विद्यालय का निरीक्षण करेंगे।
अपने छह साल के बेटे की पढ़ाई देख स्कूल खोलने का आया विचार : संस्थापक नवनीत ने बताया कि उनका बेटा छह साल का है और पहली कक्षा में पढ़ता है। उसकी पढ़ाई देखकर वे मंत्रमुग्ध थे। इसके बाद सोचा क्यों न इसी तरह का स्कूल अपने गृह क्षेत्र में खोला जाए। कुमार ने बताया कि वे शहरी इलाके में भी स्कूल खोल सकते थे, लेकिन उन्होंने ग्रामीण परिवेश को ही चुना। इसके पीछे का कारण बताया कि यहां बच्चों को प्रदूषणमुक्त वातावरण मिलेगा तो उनकी एक्टीविटी और बढ़ेगी।
अत्यधिक खर्च करने के बावजूद बेहतर परिणाम नहीं मिल रहे : बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ के उपाध्यक्ष डाॅ. सुरेश प्रसाद राय ने कहा कि ज्ञान के साथ-साथ संस्कार भी देना जरूरी है। यहां शिक्षा के साथ-साथ सच्ची शिक्षा मिलेगी। उन्होंने कहा कि आज बेगूसराय जिले के कई अभिभावक हैं जो बच्चों को पढ़ने के लिए राज्य के बाहर मेट्रो शहर भेजते हैं। पढ़ाई में भारी भरकम रुपए खर्च करते हैं, लेकिन जितना इनपुट दे रहे हैं उतना आउटपुट नहीं मिल रहा। इन्हीं बातों को ध्यान में रखकर वर्ल्ड व्यू एकेडमी स्कूल को खोलने का निर्णय लिया गया।
स्कूल के बारे में क्या कुछ नवनीत कुमार ने सुनिए,
