- घटना के विरोध में दुकानें रहीं बंद, पुलिस कर रही पड़ताल
- बदमाशों ने होटल के कर्मचारियों को पीटा भी
बेगूसराय (सिमरिया धाम) | सिमरिया धाम में गुरुवार सुबह करीब 10 बजे तीन नकाबपोश अपराधियों ने रंगदारी की मांग करते हुए करीब 5 राउंड गोली चलाई। गोलीबारी के दौरान 2 वर्षीय बच्चा और एक दुकानदार बाल-बाल बच गए। घटना के विरोध में दुकानदारों ने दुकानें बंद रखीं। वहीं चकिया थानाध्यक्ष नीरज कुमार चौधरी ने बताया कि बदमाशों ने दहशत फैलाने के उद्देश्य से तीन जगह गोलीबारी की है। मामले की पड़ताल की जा रही है। दुकानदारों से दुकान खोलने का अनुरोध किया गया है।
बदमाश बोले- मालिक से बॉस से मिलने कहो
जानकारी के अनुसार, बिना नंबर की एक बाइक से आए तीन बदमाश सबसे पहले गुड्डू झा के नीलकमल मिष्ठान भंडार सह भोजनालय पहुंचे। यहां एक बाइक पर बैठा रहा जबकि दो भोजनालय में घुसा। दोनों वहां मौजूद स्टाफ विदेशी साह एवं एक अन्य स्टाफ पर लाठी बरसाने लगे। इस दौरान दो राउंड फायरिंग की। गलती पूछने पर कहा कि मालिक को बॉस से मिलने कहाे। इसके बाद बदमाश विनोद साह के मां विंध्यवासिनी होटल पहुंचे और यहां भी स्टाफ के साथ मारपीट की। यहां के बाद बदमाश ओमप्रकाश साह के मां त्रिभुवन तारिणी मिष्ठान भंडार सह भोजनालय पहुंचे। यहां दो राउंड फायर करते हुए होटल के स्टाफ ललन सहनी और जितेंद्र कुमार के साथ मारपीट की।

मारपीट करते हुए कहा- तुमलोग टैक्स नहीं देते हो
बदमाशों ने कहा कि तुमलोग टैक्स नहीं देते हो। मालिक को कहो बॉस से मिलने, नहीं तो अंजाम बहुत बुरा होगा। होटल में तांडव मचाने के बाद बदमाश रविंद्र महतो के श्रृंगार दुकान पहुंचे। यहां एक गोली चलाई। यहां दुकान पर सोया रविंद्र महतो का डेढ़ वर्षीय नाती दिलखुश कुमार बाल-बाल बच गया। गोली उसके बगल से गुजरी। बदमाशों ने रविंद्र महतो की पत्नी सुदामा देवी को धमकी दी। घाट पर मौजूद दो-तीन श्रद्धालुओं से भी छिनतई हुई। इसके बाद दुकानदार जब एकजुट होने लगे तो तीनों बदमाश फायरिंग करते हुए बाइक से भाग गए।

दुकानदार बोले- अकाउंट पर मंगाई जाती है रंगदारी की राशि
लोगों ने पुलिस को सूचना दी तो सदर-टू डीएसपी पंकज कुमार, जीरोमाइल सर्किल इंस्पेक्टर राजेश कुमार और चकिया थानाध्यक्ष नीरज कुमार चौधरी मौके पर पहुंचे। पूछताछ की। घटना से आक्रोशित घाट पर के लगभग 200 दुकानदारों ने दुकानें बंद कर दी। पीड़ित दुकानदारों ने कहा कि बदमाशों के द्वारा अकाउंट पर रंगदारी की राशि मंगाई जाती है। पूर्व में उनके खाता पर रुपया भेजा गया था, लेकिन अब नहीं भेजते हैं। इसी कारण बदमाशों द्वारा गोलीबारी की जा रही है।
सिमरिया घाट से सरकार को 8 करोड़ का राजस्व
सिमरिया घाट से सरकार को लगभग 8 करोड़ का राजस्व मिलता है। बावजूद यहां न तो सीसीटीवी कैमरे लगे हैं और न ही सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम। यहां स्थायी पुलिस चौकी की मांग की जाती रही है। पुलिस अधिकारी आते हैं, सुरक्षा की बात होती है, लेकिन सुरक्षा की कोई व्यवस्था नहीं होती है।

आरोप : पुलिस बल सोई रहती है
दुकानदारों ने आरोप लगाया कि सिमरिया घाट में पुलिस बल को दिया जाता है तो वह घाट से दूर पुल के नीचे बने भवन में सोई रहती है। एक वर्ष में सिमरिया धाम में आपराधिक घटनाएं काफी बढ़ गई हैं, लेकिन कोई पुख्ता कार्रवाई नहीं हुई है। सूचना के बावजूद पुलिस विलंब से आती है। श्रद्धालु भी रोज छिनतई के शिकार हो रहे हैं।
उप मुख्य पार्षद ऋषिकेश ने सुरक्षा की मांग रखी
घटना की सूचना मिलते ही बीहट नगर परिषद के उपमुख्य पार्षद ऋषिकेश, जिला परिषद सदस्य नीतीश कुमार, वार्ड पार्षद प्रतिनिधि कुमार राजा, संवेदक दिलीप सिंह, सुधीर सिंह, मुखिया प्रतिनिधि संजीव कुमार सन्नी, सुशील झा, बेनी राय आदि सिमरिया धाम पहुंचे। इन लोगों ने जिला प्रशासन से सिमरिया धाम आने वाले श्रद्धालुओं व दुकानदारों की सुरक्षा की पुख्ता व्यवस्था की मांग उठाई।
क्या कहते हैं डीएसपी
सदर डीएसपी-2 पंकज कुमार ने कहा कि बदमाशों ने दहशत फैलाने के उद्देश्य से फायरिंग की। मामले की जांच पड़ताल की जा रही है। आवेदन के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। सिमरिया धाम पर सुरक्षा का पूरा इंतजाम किया जाएगा।
इधर, पुलिसिया कार्रवाई में संतोष बिंद गिरफ्तार
घटना के बाद शाम करीब 5 बजे एसपी भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने दुकानदारों को आश्वासन दिया कि अपराधी को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा, आपलोग दुकान खोल दें। इसके बाद चकिया पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गोलीबारी कर दहशत फैला रंगदारी मांगने के मामले में छापेमारी कर सिमरिया बिंद टोली से संतोष कुमार बिंद उर्फ चुहुबा को गिरफ्तार किया। अन्य अपराधियों के लिए छापेमारी जारी है।









