- सरस्वती संस्कृत उच्च विद्यालय एवं सरस्वती आदर्श संस्कृत महाविद्यालय में गीता जयंती आयोजित
बेगूसराय | हमें केवल अपने कर्म पर अधिकार है, उसके फल पर नहीं। जब हम फल की चिंता किए बिना अपना कर्तव्य करते हैं तो हम न केवल अपने लक्ष्य को प्राप्त करते हैं बल्कि जीवन का सच्चा आनंद भी पाते हैं। ये बातें शिक्षाविद् डॉ. भगवान प्रसाद सिन्हा ने सोमवार को सरस्वती संस्कृत उच्च विद्यालय एवं सरस्वती आदर्श संस्कृत महाविद्यालय पोखरिया के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित गीता जयंती समारोह में कहीं।
गीता से सीख : मन को एकाग्र रखें
मुख्य वक्ता डॉ. सिन्हा ने कहा कि गीता हमें सिखाती है कि हमें अपने मन को एकाग्र रखना चाहिए, क्योंकि एकाग्रता से हम अपने लक्ष्यों को स्पष्ट और शांति के साथ प्राप्त करते हैं। इस गीता जयंती के अवसर पर हमें संकल्प लेना चाहिए कि हम गीता के इन अनमोल उपदेशों को अपने जीवन में उतारेंगे।









