- डीडीसी ने सात निश्चय–02 के तहत चल रही योजनाओं की समीक्षा की
- डीआरसीसी प्रबंधक को कार्यप्रणाली में सुधार लाने का निर्देश
बेगूसराय | डीडीसी आकाश चौधरी ने बुधवार को अपने कार्यालय में सात निश्चय-02 के तहत डीआरसीसी की ओर से संचालित योजनाओं की समीक्षा की। समीक्षा बैठक में डीआरसीसी प्रबंधक की कार्यप्रणाली असंतोषजनक जाने पर उपविकास आयुक्त ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने प्रबंधक से स्पष्टीकरण मांगते हुए उनका मानदेय स्थगित करने का आदेश दिया। इसके साथ ही कार्य में तत्काल सुधार लाने के निर्देश दिए। डीडीसी ने यह भी स्पष्ट रूप से कहा कि भविष्य में लापरवाही पाए जाने पर कठोर प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी। डीडीसी ने बताया कि माह दिसंबर 2025 की राज्य स्तरीय रैंकिंग के अनुसार बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना में जिला 24वें स्थान पर, मुख्यमंत्री स्वयं सहायता भत्ता योजना में 14वें स्थान पर तथा कुशल युवा कार्यक्रम में द्वितीय स्थान पर है। बताते चलें कि सात निश्चय-02 योजनाओं के कार्यान्वयन में बेगूसराय जिला राज्य में दूसरे स्थान पर है।
बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना से प्रभावित हो रही रैंकिंग
बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना की प्रगति की विशेष रूप से समीक्षा की गई। समीक्षा में पाया गया कि कुल प्राप्त आवेदनों की तुलना में ऋण स्वीकृति/निस्तारण में अंतर बना हुआ है। लंबित आवेदनों की संख्या अपेक्षाकृत अधिक है, जिससे योजना की रैंकिंग प्रभावित हो रही है। इस पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए उपविकास आयुक्त ने लंबित आवेदनों के शीघ्र निस्तारण तथा मासिक अंतर को शून्य करने का सख्त निर्देश दिया। साथ ही मुख्यमंत्री स्वयं सहायता भत्ता योजना एवं कुशल युवा कार्यक्रम में और अधिक प्रगति सुनिश्चित करने हेतु संबंधित पदाधिकारियों को निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप कार्य करते हुए प्रगति की गति बढ़ाने का निर्देश दिया गया।
बैठक में ये लोग रहे मौजूद
बैठक में डीपीओ (योजना), डीपीओ (लेखा), शिक्षा विभाग, बेगूसराय, डीपीएमयू लीड, बेगूसराय, जिला क्षेत्रीय समन्वयक (सोशल) सात निश्चय, बेगूसराय तथा डीआरसीसी, बेगूसराय के सभी संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे।










