- 25-25 हजार दो मुचलके पर सूरजभान सिंह को मिली जमानत
- रामलखन सिंह और दोषी वीरेंद्र ईश्वर चार साल के लिए गए जेल
- मामले में सभी दोषियों पर अर्थदंड भी लगाया गया
बेगूसराय | एमपी-एमएलए कोर्ट के जज संजय कुमार ने मंगलवार को एक मामले में दोषी पाते हुए बाहुबली व पूर्व सांसद सूरजभान सिंह को एक साल और भाजपा नेता रामलखन सिंह व वीरेंद्र ईश्वर उर्फ शोषण सिंह को 4-4 साल जेल की सजा सुनाई। दोषियों पर अर्थदंड भी लगाया गया। पूर्व सांसद के वकील मंसूर आलम ने जमानत देने की गुहार लगाई। पूर्व सांसद सूरजभान सिंह ने 25-25 हजार रुपए दो निजी मुचलके भरे। इसके बाद कोर्ट ने उन्हें जमानत दे दी। रामलखन सिंह और वीरेंद्र ईश्वर को तत्काल जेल भेज दिया गया। पुलिस टीम पर गोलीबारी मामले में यह फैसला करीब 33 साल बाद आया है। रामलखन सिंह भाजपा के जिलाध्यक्ष भी रह चुके हैं।

तत्कालीन डीएम समेत 12 व्यक्तियों ने दी गवाही
अपर लोक अभियोजक संतोष कुमार ने बताया कि इस मामले में तत्कालीन डीएम रामेश्वर सिंह समेत 12 लोगों ने गवाही दी। एपीपी संतोष कुमार ने बताया कि ASI उमाशंकर सिंह ने 9 अक्टूबर 1992 को बरौनी थाना कांड संख्या 406/92 दर्ज कराया था। कहा था कि FCI थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि बरौनी थाना क्षेत्र के मोम फैक्ट्री में कई हथियारबंद अपराधी जुटे हैं। सूचना पर पुलिस ने छापेमारी की तो बदमाशों ने पुलिस की टीम पर गोलियां चलानी शुरू कर दी। कई पुलिसकर्मियों को गोली लगी। पुलिस ने मौके से रामलखन सिंह और वीरेंद्र ईश्वर को गिरफ्तार किया था जबकि सूरजभान सिंह भाग निकला था। पुलिस ने घटना स्थल से एक रेगुलर राइफल, एक देसी पिस्टल, 34 गोली, 2 मैगजीन और मिलिट्री कलर का बैग बरामद किया था। पूछताछ के दौरान रामलखन सिंह ने भागने वाले साथी का नाम सूरज सिंह उर्फ सूरजभान सिंह बताया था।











