बेगूसराय | फाइलेरिया जैसी गंभीर बीमारी के समूल नाश के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा चलाए जा रहे ‘सर्वजन दवा सेवन’ (MDA) कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए अब जिला के प्रबुद्ध जनों ने कमान संभाल ली है। 10 फरवरी से शुरू होने वाले इस राष्ट्रव्यापी अभियान को लेकर बेगुसराय में उत्साह का माहौल है। इस बार नारा सिर्फ नारा नहीं, बल्कि धरातल पर सच्चाई बने, इसके लिए जनप्रतिनिधि, चिकित्सक और धर्मगुरु एकजुट होकर मैदान में उतर चुके हैं।
पिरामल फाउंडेशन की सक्रियता और जनभागीदारी
स्वास्थ्य विभाग के इस सबसे बड़े अभियान को एक ‘जनांदोलन’ का रूप देने में पिरामल फाउंडेशन की टीम पूरी तत्परता से जुटी है। फाउंडेशन के सदस्य जिले के प्रबुद्ध नागरिकों से लगातार संपर्क कर उन्हें जागरूक कर रहे हैं। इसी कड़ी में पूर्व मटिहानी विधायक राजकुमार सिंह, बेगुसराय नगर निगम के मेयर प्रतिनिधि और शहर के सुप्रसिद्ध चिकित्सक डॉ. राहुल कुमार ने और मुफ्ती मोहम्मद काजमी ने आमजन से इस अभियान में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की है। विशेषज्ञों का मानना है कि सामुदायिक सहयोग से ही फाइलेरिया को जिले से विदा किया जा सकता है।
10 फरवरी से शुरू होगा दवा सेवन अभियान
जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, यह विशेष अभियान 10 फरवरी से 27 फरवरी तक चलेगा। इसके तहत स्वास्थ्य कर्मी घर-घर जाकर अपनी निगरानी में लोगों को दवा का सेवन कराएंगे।
महत्वपूर्ण जानकारी: क्या है नियम और सावधानियां
फाइलेरिया से बचाव के लिए दी जाने वाली यह दवा पूरी तरह सुरक्षित है, लेकिन इसके सेवन को लेकर कुछ मानक तय किए गए हैं:
किसे खानी है दवा: 2 वर्ष से अधिक आयु के सभी स्वस्थ व्यक्तियों को दवा लेना अनिवार्य है।
कौन न लें दवा: 2 वर्ष से कम उम्र के बच्चे, गर्भवती महिलाएं और गंभीर रूप से बीमार व्यक्तियों को यह दवा नहीं दी जाएगी।
दवाइयों का मिश्रण: इस अभियान में अल्बेंडाजोल (Albendazole), डीईसी (DEC) और आइवरमेक्टिन (Ivermectin) की खुराक स्वास्थ्य कर्मियों की मौजूदगी में दी जाएगी।










