- डा. बिधान चंद्र राय के जीवन से प्रेरणा लेने का आह्वान
- महान चिकित्सक के आदर्शों को डाक्टरों ने किया याद
बेगूसराय | शहर में राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस (Doctors’ Day) पर भारतीय चिकित्सा संघ (IMA) बेगूसराय ने आइएमए भवन में एक समारोह का आयोजन किया। कार्यक्रम में करीब 200 डाक्टरों ने हिस्सा लिया। सभी ने चिकित्सा सेवा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्ज्वलित कर की गई। आइएमए बेगूसराय के अध्यक्ष डा. एके राय ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। मंच का सफल संचालन डा. रामरेखा ने किया। समारोह में IOCL बरौनी के कार्यकारी निदेशक सत्य प्रकाश बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए। विशिष्ट अतिथि के रूप में सिविल सर्जन डा. अशोक कुमार मौजूद रहे।
डाक्टरों की ढाल है आइएमए
आइएमए बेगूसराय के सचिव डा. पंकज कुमार सिंह ने युवा डाक्टरों का मार्गदर्शन किया। उन्होंने कहा कि यह सम्मान कोई दिखावा नहीं है। यह युवा डाक्टरों का आत्मविश्वास बढ़ाने की एक पहल है। उन्होंने युवा चिकित्सकों से पूरी ईमानदारी और निडरता के साथ काम करने की अपील की। साथ ही भरोसा दिलाया कि आइएमए हर परिस्थिति में डाक्टरों के सम्मान, अधिकार और सुरक्षा के लिए खड़ा है।
कार्यक्रम की मुख्य झलकियां
नये डाक्टरों का सम्मान: समारोह का मुख्य आकर्षण युवा डाक्टरों का सम्मान रहा। पिछले तीन वर्षों में आइएमए से जुड़ने वाले लगभग 100 नए डाक्टरों को सम्मानित किया गया।
बढ़ा हौसला: सभी नवसदस्यों को प्रशस्ति-पत्र और स्मृति-चिह्न भेंट किए गए। इससे युवा चिकित्सकों में गजब का उत्साह देखा गया।
डा. बीसी राय के आदर्शों को किया गया याद
कार्यक्रम के दौरान डा. कामिनी राय ने भारत रत्न डा. बिधान चंद्र राय को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने उनके व्यक्तित्व और कृतित्व पर विस्तार से बात की। उन्होंने कहा कि डा. बीसी राय का जीवन सेवा, समर्पण और अनुशासन की मिसाल है। हर डॉक्टर को उनके जीवन से प्रेरणा लेनी चाहिए।
समाज सेवा ही सबसे बड़ा धर्म
अध्यक्षीय भाषण में डा. एके राय ने सभी को डाक्टर्स डे की बधाई दी। उन्होंने कहा कि समाज की सेवा करना ही एक चिकित्सक का सर्वोच्च धर्म है। अंत में उन्होंने आइएमए बेगूसराय को और अधिक मजबूत और सक्रिय बनाने के लिए सभी सदस्यों से एकजुट होने का आह्वान किया।










