- हड़ताली चौक से कैंटीन चौक तक निकाला विरोध मार्च
- छात्रों पर पुलिस कार्रवाई को बताया लोकतंत्र पर हमला
- राहुल गांधी के समर्थन में लगाए नारे, सरकार पर साधा निशाना
- सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन में की भागीदारी
बेगूसराय | दिल्ली में छात्रों और कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर हुई पुलिसिया कार्रवाई की आंच बेगूसराय तक पहुंच गई है। इसके विरोध में बेगूसराय जिला कांग्रेस ने जोरदार प्रदर्शन किया। आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रधानमंत्री का पुतला फूंका।
सड़कों पर उतरा कांग्रेस का गुस्सा
यह प्रदर्शन कांग्रेस विचार मंच के अध्यक्ष राम पदार्थ यादव के नेतृत्व में हुआ। सैकड़ों की संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता हाथों में तख्तियां लेकर सड़क पर उतरे। विरोध मार्च शहर के हड़ताली चौक से शुरू हुआ। इसके बाद कचहरी चौक होते हुए सभी कार्यकर्ता कैंटीन चौक पहुंचे। यहीं पर पीएम का पुतला दहन किया गया।
लोकतंत्र के इतिहास का काला पन्ना
राम पदार्थ यादव ने सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि सरकार छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। अपने हक के लिए शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर अत्याचार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी छात्रों की आवाज का समर्थन करने पहुंचे थे। लेकिन सरकार के इशारे पर दिल्ली पुलिस ने उनके साथ अमानवीय व्यवहार किया। यह लोकतंत्र के इतिहास का एक काला पन्ना है।

सरकार को चुकानी होगी कीमत
प्रदर्शन में शामिल पूर्व जिलाध्यक्ष अर्जुन सिंह, रत्नेश टुल्लू और मोहित सिंह ने भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि देश में अघोषित आपातकाल चल रहा है। आज हक और न्याय की बात करना गुनाह हो गया है। राहुल गांधी के साथ हुए दुर्व्यवहार की कीमत इस सरकार को चुकानी होगी।
आखिरी सांस तक लड़ेंगे
नेताओं ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस का हर एक कार्यकर्ता राहुल गांधी के साथ खड़ा है। जब तक छात्रों को उनका हक नहीं मिल जाता, यह संघर्ष जारी रहेगा। राहुल जी पर पड़ी हर लाठी का हिसाब लिया जाएगा।
ये नेता और कार्यकर्ता रहे मौजूद
इस उग्र प्रदर्शन में कांग्रेस के कई प्रमुख चेहरे शामिल हुए। इनमें पूर्व प्रखंड अध्यक्ष ओमप्रकाश सिंह, अल्पसंख्यक जिलाध्यक्ष मो. जफर, लीगल सेल जिलाध्यक्ष संजय सम्राट, अजय चौधरी, शंभू सिंह शामिल थे। इनके अलावा कमल सहनी, पवन कुमार, सावर कुमार, कुशमेष कुमार, आर्यन कुमार, संटू कुमार, लालबाबु पासवान, आनंद प्रेम, राजेश साह, रामभरोस यादव, पंकज पासवान, इम्तियाज, मुन्शी पासवान, दीपक पोद्दार, नीरज तांती, और मो. ग़ालिब सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।










