बेगूसराय। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को कथित तौर पर गाली दिये जाने का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। शुक्रवार को कांग्रेस के प्रदेश कार्यालय सदाकत आश्रम पर भाजपा के नेताओं और कार्यकर्ताओं द्वारा किये गये हमले की आग ठंडी भी नहीं हुई थी कि शनिवार को इस मुद्दे को लेकर बेगूसराय में भाजपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच झड़प का मामला सामने आ गया । विवाद तब शुरू हुआ जब सैकड़ों की संख्या में भाजपा कार्यकर्ताओं ने विधायक कुंदन सिंह और ललन कुंवर के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यालय पर हमला बोल दिया। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इसका जमकर विरोध किया और मामला गंभीर हो गया। आखिरकार कांग्रेसियों के कड़े प्रतिरोध के बाद भाजपा कार्यकर्ता को पीछे हटना पड़ा। इसी बीच मामले जानकारी पूर्व विधायक अमिता भूषण और अध्यक्ष अभय कुमार को मिली। श्रीमती भूषण अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ कांग्रेस कार्यालय पहुंची तबतक भाजपा कार्यकर्ता वहां से निकल चुके थे।

कैंटीन चौक पर पहुंचकर प्रधानमंत्री का पुतला फूंका
श्रीमती भूषण ने आक्रामक रूख अपनाते हुए सैकड़ों लोगों के साथ जिसमें जिलाध्यक्ष भी शामिल थे, कैंटीन चौक पर पहुंचकर प्रधानमंत्री का पुतला फूंका। फिर अमिता भूषण के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल पुलिस अधीक्षक से मिला। मामले की जानकारी देते हुए अराजक तत्वों पर सख्त कार्रवाई की मांग की। प्रेस से बात करते हुए उन्होंने कहा कि कथित तौर पर गाली का पूरा मामला प्रायोजित है । वोटर अधिकार यात्रा को मिल रहे समर्थन से बौखलाई भाजपा नीचता पर उतर आई है जिसका करारा जवाब मिलेगा।


इस दौरान ये लोग थे मौजूद
इस दौरान श्रीमती भूषण के साथ अध्यक्ष अभय कुमार, उपाध्यक्ष रामविलास सिंह, युवा अध्यक्ष राहुल सिंह, हारून रशीद, एनएसयूआई के राजा कुमार, कुमार रत्नेश टुल्लू, मुरलीधर मुरारी ब्रजेश कुमार प्रिंस, संजीव सिंह, गोपाल सिंह मोहित सिंह, आलोक कुमार, राजेंद्र पासवान, राहुल कुमार, गुड्डू सिंह, सुबोध सिंह, राजिब कुमार, कौशल किशोर, आर्यन कुमार सहित सैकड़ो लोग मौजूद रहे। दूसरी ओर भाजपा नेताओं ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के माता जी को अपशब्द बोलने पर भारतीय जनता पार्टी, बेगूसराय के कार्यकर्ताओं ने बेगूसराय कांग्रेस कार्यालय के समक्ष प्रदर्शन किया।









